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हम अपने नसीब का रोना नहीं रोते

हम अपने नसीब का रोना नहीं रोते, हौसलों से बड़ी से बड़ी चट्टान तोड़ देते हैं

कहते हैं हर किसी की मेहनत रंग लाती है मंजिल मिलने पर जो खुशी के आंसू निकले हैं यह धरोहर अनमोल है


Hindi shayari
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